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SF}_6 सर्किट ब्रेकर (Sulfur Hexafluoride Circuit Breaker)

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एसएफ 6 सर्किट ब्रेकर क्या होता है? {SF}_6 सर्किट ब्रेकर (Sulfur Hexafluoride Circuit Breaker) एक उच्च वोल्टेज (High Voltage) स्विचिंग डिवाइस है, जिसमें सर्किट को अलग करते समय उत्पन्न होने वाले आर्क (विद्युत स्पार्क) को बुझाने और इंसुलेशन प्रदान करने के लिए सल्फर हेक्साफ्लोराइड ( {SF}_6 ) गैस का उपयोग किया जाता है। https://dkrajwar.blogspot.com/2026/10/sf6-sulfur-hexafluoride-circuit-breaker.html कार्य सिद्धांत (Working Principle) ​ संपर्कों का अलग होना: जब पावर सिस्टम में कोई फॉल्ट आता है, तो रिले सिग्नल मिलने पर ब्रेकर के मूविंग कॉन्टैक्ट (Moving Contact) फिक्स्ड कॉन्टैक्ट (Fixed Contact) से अलग हो जाते हैं। ​ आर्क का बनना: दोनों कॉन्टैक्ट्स के अलग होते ही उच्च वोल्टेज के कारण उनके बीच एक विद्युत चिंगारी (Electric Arc) उत्पन्न होती है। ​ \text{SF}_6 गैस का एक्शन: संपर्कों के अलग होने के साथ ही उच्च दबाव वाली {SF}_6 गैस को आर्क की ओर प्रवाहित (ब्लास्ट) किया जाता है। ​ इलेक्ट्रॉन कैप्चर (Arc Quenching):  {SF}_6 गैस की प्रकृति अत्यधिक इलेक्ट्रोनेगेटिव (Electronegative) ...

केबल ग्रंथियों के प्रकार ( Types of Cable Glands )

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केबल ग्रंथियां (Cable Glands) विभिन्न मानदंडों के आधार पर कई प्रकार की होती हैं। ये विद्युत प्रतिष्ठानों में केबल को सुरक्षित रूप से उपकरण या बाड़ों (Enclosures) में प्रवेश कराने, यांत्रिक सहारा (Strain Relief), और पर्यावरणीय सीलिंग प्रदान करने के लिए महत्वपूर्ण हैं। https://dkrajwar.blogspot.com/2025/09/types-of-cable-glands.html ​ केबल ग्रंथियों के प्रमुख प्रकार निम्नलिखित हैं: ​1. संपीड़न के आधार पर (Based on Compression) ​ एकल संपीड़न केबल ग्रंथि (Single Compression Cable Glands): ​ये अ-बख़्तरबंद (Unarmoured) केबलों के लिए उपयोग किए जाते हैं। ​इनमें केवल एक सील और एक कंप्रेस्ड ग्रिप होती है जो केबल के बाहरी शीथ (Sheath) को पकड़कर तनाव से राहत देती है। ​आमतौर पर शुष्क और हल्के इनडोर वातावरण में उपयोग किए जाते हैं। ​ डबल संपीड़न केबल ग्रंथि (Double Compression Cable Glands - DCG): ​इन्हें मुख्य रूप से बख़्तरबंद (Armoured) केबलों के लिए डिज़ाइन किया गया है। ​ये केबल के भीतरी और बाहरी दोनों शीथ पर दो सीलिंग और कंप्रेस्ड ग्रिप प्रदान करते हैं, जिससे मजबूत यांत्रिक पक...

मध्यम वोल्टेज स्विचगियर (Medium Voltage Switchgear)

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मध्यम वोल्टेज स्विचगियर ​मध्यम वोल्टेज स्विचगियर (Medium Voltage Switchgear) एक महत्वपूर्ण विद्युत उपकरण है जिसका उपयोग विद्युत प्रणाली में सर्किट को नियंत्रित, सुरक्षित और अलग करने के लिए किया जाता है।  यह आमतौर पर 1 kV से 38 kV तक के वोल्टेज स्तरों के लिए डिज़ाइन किया जाता है। https://dkrajwar.blogspot.com/2025/09/medium-voltage-switchgear.html ​ मुख्य कार्य ​ स्विचगियर के प्रमुख कार्य इस प्रकार हैं: ​ नियंत्रण (Control): यह विद्युत प्रवाह को चालू या बंद करके विद्युत प्रणाली के विभिन्न हिस्सों को नियंत्रित करता है। ​ सुरक्षा (Protection): यह शॉर्ट-सर्किट, ओवरलोड और अन्य दोषों से विद्युत उपकरणों (जैसे ट्रांसफॉर्मर और मोटर) की सुरक्षा करता है। ​ अलगाव (Isolation): यह रखरखाव या मरम्मत के दौरान सर्किट के एक हिस्से को बाकी प्रणाली से पूरी तरह अलग करता है, जिससे काम करना सुरक्षित हो जाता है। ​ घटक ​ मध्यम वोल्टेज स्विचगियर में कई प्रमुख घटक होते हैं: ​ सर्किट ब्रेकर (Circuit Breaker): यह सबसे महत्वपूर्ण घटक है। यह सामान्य और दोषपूर्ण दोनों स्थितियों में सर्किट को बनाता औ...

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