घर की वायरिंग ( House Wiring )
बिजली के तारों का रंग कोड एक महत्वपूर्ण सुरक्षा उपाय है जो तारों के उद्देश्य को पहचानने में मदद करता है। यह कोड देशों और क्षेत्रों के हिसाब से अलग-अलग हो सकता है। https://dkrajwar.blogspot.com/2025/08/blog-post.html भारत में आम तौर पर इस्तेमाल होने वाले रंग कोड: * फेज़ (Phase) तार: लाल (Red), पीला (Yellow) और नीला (Blue) * न्यूट्रल (Neutral) तार: काला (Black) * अर्थिंग (Earthing) तार: हरा (Green) या हरे और पीले रंग की पट्टी वाला तार अंतर्राष्ट्रीय इलेक्ट्रो-टेक्निकल कमीशन (IEC) के अनुसार नया रंग कोड (जो कुछ जगहों पर इस्तेमाल हो रहा है): * फेज़ (Phase) तार: भूरा (Brown) * न्यूट्रल (Neutral) तार: नीला (Blue) * अर्थिंग (Earthing) तार: हरे और पीले रंग की पट्टी वाला तार यह ध्यान रखना महत्वपूर्ण है कि DC (डायरेक्ट करंट) सिस्टम में भी अलग रंग कोड का उपयोग किया जाता है। आमतौर पर: * पॉजिटिव (+) तार: लाल (Red) * नेगेटिव (-) तार: काला (Black) * ग्राउंडिंग तार: हरा (Green) या हरे और पीले रंग की प...